नगरासू गुरुद्वारा विवाद के बाद चमोली में हाई अलर्ट, सीमाओं पर बढ़ाई गई चौकसी, इंटरनेट सेवा बंद
चमोली। रुद्रप्रयाग जिले के नगरासू गुरुद्वारा विवाद के बाद चमोली जनपद में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर रविवार सुबह से इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी हैं, जबकि जिले की सीमाओं और संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस एवं आईटीबीपी के जवानों की तैनाती बढ़ा दी गई है।
जनपद के प्रवेश द्वार कमेड़ा सहित विभिन्न स्थानों पर बैरियर लगाकर आने-जाने वाले लोगों की सघन जांच की जा रही है। कर्णप्रयाग, गौचर और अन्य संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
क्या है पूरा मामला?
16 जून को निहंगों और स्थानीय लोगों के बीच हुई मारपीट की घटना के बाद क्षेत्र में तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। सोशल मीडिया पर 21 जून को सिख समुदाय के लोगों के कर्णप्रयाग पहुंचने की जानकारी सामने आई थी। इसी बीच शनिवार को नगरासू गुरुद्वारे में निहंगों द्वारा किए गए हंगामे के बाद प्रशासन और पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था और अधिक सख्त कर दी।
धारा 163 लागू, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए तहसील प्रशासन ने पूरे परगना क्षेत्र में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 163 लागू कर दी है। पुलिस और आईटीबीपी की संयुक्त टीमें लगातार गश्त कर रही हैं तथा सीमावर्ती क्षेत्रों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है।
प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।




