देहरादून। प्रदेशवासियों की समस्याओं का उनके क्षेत्र में ही समाधान करने के उद्देश्य से उत्तराखंड सरकार एक बार फिर ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान शुरू करने जा रही है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर यह विशेष अभियान 4 जुलाई से 15 दिनों तक पूरे राज्य में संचालित किया जाएगा।
अभियान के तहत जिला, ब्लॉक और तहसील स्तर पर विशेष शिविर लगाए जाएंगे, जहां विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहकर आम जनता की शिकायतें सुनेंगे और उनका मौके पर ही समाधान करने का प्रयास करेंगे। सरकार का उद्देश्य लोगों को छोटी-बड़ी समस्याओं के समाधान के लिए सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने से राहत दिलाना है।
इससे पहले दिसंबर 2025 में भी इसी अभियान का 45 दिवसीय चरण चलाया गया था, जिसमें पांच लाख से अधिक लोगों ने भागीदारी की थी। अब मुख्यमंत्री के कार्यकाल के पांच वर्ष पूरे होने के अवसर पर इस अभियान का दूसरा चरण शुरू किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सुशासन का मूल उद्देश्य सरकारी सेवाओं को जनता तक पहुंचाना है। उन्होंने सभी जिलों के अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिए हैं कि वे शिविरों में उपस्थित रहकर लोगों की समस्याओं का त्वरित और प्रभावी समाधान सुनिश्चित करें।




