देहरादून। सर्दियों में बिजली की बढ़ती मांग को देखते हुए उत्तराखंड को केंद्रीय पूल से अतिरिक्त बिजली उपलब्ध कराई जाएगी। केंद्रीय क्षेत्र के विद्युत उत्पादन केंद्रों के अनावंटित पूल से राज्य के लिए अक्टूबर 2026 से मार्च 2027 तक अतिरिक्त बिजली आवंटित की गई है।
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, छह माह की अवधि में उत्तराखंड को कुल 73 मेगावाट अतिरिक्त बिजली मिलेगी। इसका माहवार आवंटन अलग-अलग रखा गया है, ताकि सर्दियों के दौरान बढ़ने वाली बिजली की मांग को पूरा करने में मदद मिल सके।
जनवरी में सबसे अधिक 19 मेगावाट बिजली
अतिरिक्त बिजली का सबसे अधिक आवंटन जनवरी 2027 में 19 मेगावाट किया गया है। इसके अलावा दिसंबर और फरवरी में 16-16 मेगावाट बिजली उपलब्ध कराई जाएगी।
माहवार आवंटन इस प्रकार है—
| महीना | अतिरिक्त बिजली |
|---|---|
| अक्टूबर 2026 | 5 मेगावाट |
| नवंबर 2026 | 8 मेगावाट |
| दिसंबर 2026 | 16 मेगावाट |
| जनवरी 2027 | 19 मेगावाट |
| फरवरी 2027 | 16 मेगावाट |
| मार्च 2027 | 9 मेगावाट |
| कुल | 73 मेगावाट |
एक अक्टूबर 2026 से लागू होगी व्यवस्था
यह अतिरिक्त बिजली आवंटन व्यवस्था 1 अक्टूबर 2026 से प्रभावी होगी और मार्च 2027 तक जारी रहेगी। सर्दियों के दौरान घरेलू, व्यावसायिक और अन्य क्षेत्रों में बिजली की मांग बढ़ने की संभावना को देखते हुए अतिरिक्त केंद्रीय आवंटन राज्य की उपलब्ध बिजली में वृद्धि करेगा।
बढ़ती मांग के बीच मिलेगी अतिरिक्त बिजली
उत्तराखंड में सर्दियों के दौरान बिजली की मांग में बढ़ोतरी होती है। ऐसे में केंद्रीय पूल से मिलने वाली अतिरिक्त बिजली राज्य की आपूर्ति व्यवस्था के लिए उपयोगी होगी। हालांकि, वास्तविक आपूर्ति की स्थिति बिजली की उपलब्धता, राज्य की मांग और ग्रिड की परिस्थितियों पर भी निर्भर करेगी।
नोट: उपलब्ध वेब स्रोतों में मुझे इस विशेष अक्टूबर 2026–मार्च 2027 के 73 मेगावाट आवंटन आदेश की स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि नहीं मिली; इसलिए ऊपर के आंकड़े आपके उपलब्ध कराए गए विवरण के आधार पर प्रस्तुत किए गए हैं।




