हरिद्वार/रोशनाबाद:
हरिद्वार में एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज एक मामले में अदालत ने आरोपी की जमानत याचिका खारिज कर दी है। विशेष न्यायाधीश (एनडीपीएस एक्ट) की अदालत ने मामले को गंभीर मानते हुए आरोपी को राहत देने से इनकार कर दिया।
Table of Contents
Toggle1200 प्रतिबंधित कैप्सूल के साथ हुआ था गिरफ्तार
पुलिस के अनुसार, यह मामला पथरी थाना क्षेत्र से जुड़ा है। 19 फरवरी 2026 को आरोपी प्रमोद कुमार कश्यप को गिरफ्तार किया गया था। तलाशी के दौरान उसके पास से 1200 प्रतिबंधित कैप्सूल बरामद किए गए थे, जिनका नशे के रूप में दुरुपयोग किया जाता है।
बचाव पक्ष ने बताया झूठा मामला
सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने दलील दी कि आरोपी को झूठा फंसाया गया है और उसका कोई आपराधिक इतिहास नहीं है। उन्होंने जमानत देने की मांग करते हुए अदालत से राहत देने की अपील की।
अभियोजन ने अपराध को बताया गंभीर
वहीं, अभियोजन पक्ष ने मामले को गंभीर बताते हुए जमानत का विरोध किया। उनका कहना था कि आरोपी के पास भारी मात्रा में प्रतिबंधित दवाएं मिली हैं, जो समाज के लिए खतरा हैं।
अदालत ने सुनवाई के बाद याचिका की निरस्त
दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद विशेष न्यायाधीश अंजूश्री जुयाल ने कहा कि मामला गंभीर प्रकृति का है और आरोपी के पास से बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित सामग्री बरामद हुई है।
इसी आधार पर अदालत ने आरोपी प्रमोद कुमार कश्यप की जमानत याचिका खारिज कर दी।
निष्कर्ष
हरिद्वार में नशे के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए अदालत ने स्पष्ट संकेत दिया है कि ऐसे मामलों में कोई ढील नहीं दी जाएगी। इससे नशा तस्करी पर रोक लगाने में मदद मिलने की उम्मीद है।




