चंपावत। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में चंपावत में आयोजित कैबिनेट बैठक में राज्य से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा के बाद अहम फैसले लिए गए। बैठक में भूमि विनियमितीकरण, कृषि, राजस्व, वित्त, गृह, कार्मिक, सिंचाई, पशुपालन और उच्च शिक्षा से जुड़े प्रस्तावों पर निर्णय लिया गया।
सरकार के इन फैसलों का असर विभिन्न विभागों की नीतियों और नियमों पर पड़ने की संभावना है। बैठक में लिए गए प्रमुख निर्णयों को 10 प्रमुख बिंदुओं में समझा जा सकता है।
1. लालकुआं-बिंदुखत्ता में विनियमितीकरण की समय सीमा बढ़ेगी
राज्य में वर्ग-3 और वर्ग-4 की भूमि से संबंधित लालकुआं-बिंदुखत्ता क्षेत्र में विनियमितीकरण और भूमिधरी अधिकार से जुड़े प्रावधानों की समय सीमा को बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। पहले निर्धारित समय सीमा नवंबर 2022 में समाप्त हो गई थी। अब इसे एक वर्ष के लिए बढ़ाने का फैसला लिया गया है।
2. कृषि क्षेत्र से जुड़े प्रस्तावों पर फैसला
कैबिनेट ने कृषि क्षेत्र से संबंधित विभिन्न प्रस्तावों पर भी विचार किया। इन फैसलों का उद्देश्य किसानों और कृषि व्यवस्था को बेहतर बनाने तथा संबंधित नियमों में आवश्यक बदलाव करना है।
3. राजस्व व्यवस्था में बदलाव
राजस्व विभाग से जुड़े मामलों में भी कैबिनेट ने महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। भूमि और राजस्व संबंधी प्रक्रियाओं को लेकर नियमों में बदलाव का प्रस्ताव शामिल रहा।
4. वित्त विभाग से जुड़े फैसले
बैठक में राज्य की वित्तीय व्यवस्था से संबंधित प्रस्तावों पर भी चर्चा हुई। सरकार ने वित्तीय प्रबंधन और विभागीय प्रक्रियाओं से जुड़े मामलों में आवश्यक निर्णय लिए।
5. गृह विभाग के प्रस्तावों को मंजूरी
गृह विभाग से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर भी कैबिनेट ने निर्णय लिया। इनका संबंध राज्य की प्रशासनिक और कानून-व्यवस्था से जुड़ी व्यवस्थाओं से है।
6. कार्मिक विभाग से जुड़े नियमों में बदलाव
कार्मिक विभाग के प्रस्तावों पर चर्चा करते हुए सरकार ने कर्मचारियों से संबंधित नियमों और व्यवस्थाओं में आवश्यक संशोधन को लेकर फैसले लिए।
7. सिंचाई विभाग के प्रस्ताव
सिंचाई से जुड़े मामलों पर भी कैबिनेट में चर्चा हुई। राज्य में सिंचाई व्यवस्था और संबंधित परियोजनाओं को लेकर महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
8. पशुपालन क्षेत्र पर जोर
पशुपालन विभाग से जुड़े प्रस्तावों को भी कैबिनेट बैठक में शामिल किया गया। सरकार की ओर से पशुपालकों और पशुधन से संबंधित व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए फैसले लिए गए।
9. उच्च शिक्षा से जुड़े फैसले
उच्च शिक्षा विभाग से संबंधित प्रस्तावों पर भी कैबिनेट ने मुहर लगाई। इससे राज्य के उच्च शिक्षा संस्थानों और शिक्षा व्यवस्था से जुड़े नियमों में बदलाव की संभावना है।
10. कई नियमों में होगा संशोधन
कैबिनेट के फैसलों के बाद विभिन्न विभागों से जुड़े नियमों और प्रक्रियाओं में संशोधन किया जाएगा। सरकार का कहना है कि इन बदलावों का उद्देश्य प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाना और संबंधित क्षेत्रों में प्रक्रियाओं को सुगम करना है।





